Sunday, 3 May 2015

आईपीएल की टीम रही डेक्कन चार्जर्स का मालिक गिरफ्तार

decon charger के लिए चित्र परिणामआईपीएल की टीम रही डेक्कन चार्जर्स के मालिक टीवी राम रेड्डी को उनके ड्राइवर राकेश के साथ गिरफ्तार किया गया है। राम रेड्डी दक्षिण भारत के एक मीडिया ग्रुप के मालिक भी हैं। उन पर फाइनेंस एडवाइजर को हथियारों के बल पर मारपीट करने और धमकाने का आरोप है।

एडवाइजर ने चार हजार करोड़ रुपये के घपले का पर्दाफाश किया था। दक्षिण जिले के डीसीपी प्रेमनाथ ने बताया कि उनके खिलाफ महरौली थाने में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने उन्हें तीन दिन के रिमांड पर ले रखा है। अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।

पुलिस के मुताबिक, मुनीश मक्कड़ फाइनेंस एडवाइजर हैं। वह महरौली के अंसल बिल्ला में परिवार के साथ रहते हैं। उन्होंने महरौली पुलिस को 29 अप्रैल को शिकायत दी थी कि टीवी राम रेड्डी अपने पांच साथियों के साथ शाम करीब छह बजे उनके घर पर आए। सुरक्षा गार्ड को धक्का देकर घर में घुस गए।

उन्होंने बंदूक का बट उनकी कनपटी पर मारा और मारपीट की। आरोपी ने उन्हें पहले की गई एक शिकायत वापस लेने के लिए भी धमकाया था। महरौली थाना पुलिस ने कई धाराओं में मामला दर्ज कर राम रेड्डी व उनके ड्राइवर को एक अप्रैल को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस बंदूक बरामद नहीं कर पाई है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, राम रेड्डी ने दक्षिण भारत के बैंक रत्नाकर से 50 करोड़ रुपये का लोन लिया था। बदले में एक बिल्डिंग को गिरवी रखा था। संदेह होने पर बैंक ने फाइनेंस एडवाइजर मुनीश मक्कड़ को सर्वे करने को कहा।

मुनीश की कंपनी पार्टिसिपेट ने जब सर्वे किया तो पाया कि उक्त बिल्डिंग के एवज में पूरे भारत में कई जगहों से लोन लिए गए हैं। कई बैंकों से संपर्क करने पर करीब चार हजार करोड़ रुपये का घपला सामने आया था। रत्नाकर बैंक ने इसकी शिकायत आरबीआई को कर दी थी।

आरबीआई की शिकायत पर सीबीआई ने मामला दर्ज कर फरवरी महीने में टीवी राम रेड्डी को गिरफ्तार कर लिया था। वह पांच अप्रैल को जेल से बाहर आए थे। जेल से बाहर आने के बाद आरोपी ने यह पता किया कि घपला कैसे सामने आया तो उन्हें मुनीश के बारे में पता चला। इसके बाद वह उसके घर पहुंच गए।

No comments:

Post a Comment

Ads Inside Post